UPI MDR कब से लागू होगा? तारीख और नए नियम
अंतिम अपडेट: सितंबर 2026
सीधा जवाब: UPI MDR 15 अक्टूबर 2026 से लागू होगा। दर होगी 0.4% (₹2,000 से अधिक के P2M लेनदेन पर), अधिकतम ₹300 प्रति लेनदेन।
UPI MDR की सटीक तारीख
15 अक्टूबर 2026 — यह वह दिन है जब से UPI P2M लेनदेन पर MDR लागू होगा। यह नीति 15 सितंबर 2026 की वित्त मंत्रालय (PIB) विज्ञप्ति के आधार पर लागू की जा रही है।
स्रोत: वित्त मंत्रालय की विज्ञप्ति (15 सितंबर 2026, PIB)
UPI MDR की पूरी समय-रेखा
| तारीख | नीति | UPI MDR |
|---|---|---|
| जनवरी 2020 | सरकार ने शून्य MDR अनिवार्य किया (PSS Act §10A) | शून्य MDR शुरू |
| 2020–2026 | शून्य MDR जारी; UPI तेजी से बढ़ा | शून्य |
| 15 सितंबर 2026 | वित्त मंत्रालय ने नई MDR नीति घोषित की (PIB) | घोषणा |
| 15 अक्टूबर 2026 | नई MDR नीति लागू | 0.4% P2M > ₹2,000 |
15 अक्टूबर 2026 से क्या बदलेगा?
- UPI P2M लेनदेन ₹2,000 से अधिक: 0.4% MDR (अधिकतम ₹300)
- UPI P2M लेनदेन ₹2,000 तक: शून्य MDR (कोई बदलाव नहीं)
- पेट्रोल पंप, टेलीकॉम, बीमा, रेलवे, कृषि: ₹5 प्रति लेनदेन (₹2,000 से अधिक)
- म्यूचुअल फंड / स्टॉकब्रोकर: 0.02% MDR (अधिकतम ₹300)
- छोटे दुकानदार (P2PM ≤ ₹1 लाख/माह): मुक्त
- P2P ट्रांसफर: अभी मुफ्त (कोई बदलाव नहीं)
- RuPay डेबिट कार्ड: शून्य MDR जारी
- UPI AutoPay / SIP मैंडेट: रिपोर्ट के अनुसार छूट (NPCI स्पष्टीकरण 17 सितंबर 2026, अपुष्ट)
- MDR पर GST: UPI MDR पर GST की स्थिति की पुष्टि नहीं है; अपने बैंक से जांच करें (यदि लागू हो, तो MDR राशि का 18%)
MDR क्यों लागू किया जा रहा है?
वित्त मंत्रालय की 15 सितंबर 2026 की विज्ञप्ति (PIB) के अनुसार, ₹2,000 से अधिक के वाणिज्यिक मर्चेंट भुगतानों पर 0.4% MDR की रूपरेखा घोषित की गई है, जबकि छोटे व्यापारियों (मासिक ₹1 लाख तक) और आम नागरिकों के P2P भुगतानों के लिए शून्य MDR की छूट जारी रहेगी।
क्या ग्राहकों पर कोई असर पड़ेगा?
नहीं। UPI से पेमेंट करने वाले ग्राहकों पर कोई असर नहीं पड़ेगा। सरकार ने स्पष्ट किया है कि:
- बैंकों को सलाह दी गई है कि दुकानदार MDR का बोझ ग्राहक पर सरचार्ज के रूप में न डालें
- UPI ऐप कंपनियां (PhonePe, Google Pay आदि) व्यक्तिगत उपयोगकर्ताओं से कोई अतिरिक्त शुल्क नहीं ले सकतीं
- P2P ट्रांसफर (मित्र / परिवार को भेजना) अभी मुफ्त है
📑 आधिकारिक स्रोत और संदर्भ (Official Sources)
- वित्त मंत्रालय की 15 सितंबर 2026 की विज्ञप्ति (PIB) ↗— UPI MDR 15 अक्टूबर 2026 की अधिसूचना
- भारतीय रिज़र्व बैंक (Rationalisation of Merchant Discount Rate (MDR) for Debit Card Transactions, अधिसूचना 06 दिसंबर 2017) ↗— डेबिट कार्ड विनियम
- वित्त मंत्रालय की 19 मार्च 2025 की विज्ञप्ति (PIB) ↗— RuPay डेबिट व BHIM-UPI पर शून्य MDR (PSS Act धारा 10A व Income-tax Act धारा 269SU)
अंतिम अपडेट: 20 सितंबर 2026. आधिकारिक अधिसूचनाओं पर आधारित स्वतंत्र मार्गदर्शिका।
UPI MDR तारीख — अक्सर पूछे गए प्रश्न
UPI MDR कब से लागू होगा?
UPI MDR आधिकारिक रूप से 15 अक्टूबर 2026 से लागू होगा। वित्त मंत्रालय की 15 सितंबर 2026 की विज्ञप्ति (PIB) में इस तारीख की आधिकारिक घोषणा की गई है। 15 अक्टूबर 2026 से पहले सभी UPI भुगतान मौजूदा शून्य MDR (Zero MDR) व्यवस्था के तहत जारी रहेंगे।
0.4% UPI MDR कब से लागू होगा?
0.4% UPI MDR की दर 15 अक्टूबर 2026 से प्रभावी होगी। यह दर केवल ₹2,000 से अधिक के सामान्य पर्सन-टू-मर्चेंट (P2M) भुगतानों पर लागू होगी, जिसमें अधिकतम शुल्क ₹300 प्रति लेनदेन तय किया गया है।
क्या UPI MDR 15 अक्टूबर 2026 से लागू होगा?
हाँ, वित्त मंत्रालय और NPCI के आधिकारिक निर्देशों के अनुसार UPI MDR 15 अक्टूबर 2026 से ही लागू होगा। सोशल मीडिया पर फैल रही अन्य तारीखें या भ्रामक दावे असत्य हैं। आधिकारिक अधिसूचना पत्र सूचना कार्यालय (PIB) पर उपलब्ध है।
UPI MDR किन लेन-देन पर लागू होगा?
UPI MDR केवल पर्सन-टू-मर्चेंट (P2M) व्यावसायिक लेनदेन पर लागू होगा, जब ग्राहक किसी व्यापारी को ₹2,000 से अधिक का भुगतान करता है। यह व्यक्ति-से-व्यक्ति (P2P दोस्तों/परिजनों) के ट्रांसफर, ₹2,000 या उससे कम के भुगतानों, और छोटे QR व्यापारियों (मासिक टर्नओवर ≤ ₹1 लाख) पर बिल्कुल लागू नहीं होगा।
क्या ₹2,000 तक के UPI भुगतान पर MDR लगेगा?
नहीं, ₹2,000 तक के सभी UPI भुगतान पर शून्य MDR (0%) रहेगा। छोटे खुदरा भुगतानों और रोजमर्रा की आवश्यक खरीदारी को बढ़ावा देने के लिए सरकार ने ₹2,000 तक के सभी लेनदेन को MDR से पूरी तरह मुक्त रखा है।
15 अक्टूबर 2026 से UPI लेनदेन के कौन-से नए नियम लागू होंगे?
15 अक्टूबर 2026 से प्रभावी मुख्य नियम:
- ₹2,000 से अधिक के सामान्य मर्चेंट लेनदेन पर 0.4% MDR (अधिकतम ₹300 कैप);
- ₹2,000 तक के लेनदेन पर 0% MDR;
- पेट्रोल, दूरसंचार, रेलवे, बीमा और कृषि इनपुट जैसी आवश्यक सेवाओं पर फ्लैट ₹5 शुल्क;
- छोटे QR व्यापारियों (≤ ₹1 लाख/माह) को 100% छूट;
- ग्राहकों के लिए भुगतान पूरी तरह मुफ्त;
- 5% MDR राशि से लघु व्यापारी सहायता कोष।
UPI में MDR शुल्क क्या है?
UPI में मानक MDR शुल्क ₹2,000 से अधिक की राशि पर 0.4% (अधिकतम सीमा ₹300) है। आवश्यक सेवाओं में यह फ्लैट ₹5 और पूंजी बाजार (शेयर बाजार/म्यूचुअल फंड) में 0.02% (अधिकतम ₹300) है। UPI MDR पर GST की अनिवार्यता की पुष्टि नहीं है; अपने बैंक से जांच करें। यदि आपका बैंक GST लगाता है, तो यह MDR राशि का 18% होता है, लेन-देन मूल्य का नहीं।
UPI के नए नियम कब से लागू होंगे?
UPI MDR से जुड़े नए नियम 15 अक्टूबर 2026 से पूरे देश में एक साथ लागू होंगे। 15 अक्टूबर 2026 तक सभी सामान्य UPI भुगतान पूरी तरह शुल्क-मुक्त रहेंगे।
क्या ₹2,000 से ऊपर के UPI लेनदेन पर कर लगता है?
नहीं, ₹2,000 से ऊपर के UPI लेनदेन पर सरकार की ओर से कोई अतिरिक्त 'टैक्स' नहीं लगता है। MDR कोई सरकारी टैक्स नहीं है, बल्कि बैंकों और भुगतान सेवा प्रदाताओं का एक सेवा शुल्क है। UPI MDR पर GST की स्थिति की पुष्टि नहीं है; अपने बैंक से जांच करें। यदि बैंक GST लगाता है, तो यह MDR सेवा शुल्क का 18% होता है, लेन-देन राशि का नहीं।